March 25, 2026

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बंगाल चुनाव में बड़ा ऐलान: ममता बनर्जी की सीट तय, शुभेंदु अधिकारी से सीधी टक्कर

कोलकाता
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और नेता विपक्ष शुभेंदु अधिकारी के बीच सीधा चुनावी मुकाबला तय हो गया है। भाजपा ने सोमवार को बंगाल में 144 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की थी। इसमें शुभेंदु अधिकारी का भी नाम था। उन्हें नंदीग्राम सीट से उतारा गया है, जहां से उन्होंने पिछली बार ममता बनर्जी को हराया था। इसके अलावा भबानीपुर से भी वह मुकाबले में उतरे हैं, जहां से फिलहाल ममता बनर्जी विधायक हैं। अब ममता बनर्जी ने भी ऐलान कर दिया है कि वह खुद भबानीपुर से ही उतरेंगी। इस तरह साफ हो गया है कि पिछली बार नंदीग्राम वाली स्थिति भबानीपुर में दोहराएगी।

नंदीग्राम से ममता बनर्जी के शुभेंदु अधिकारी के मुकाबले हार जाने की काफी चर्चा हुई थी। माना जा रहा है कि इस बार भबानीपुर में हाईवोल्टेज मुकाबला देखने को मिल सकता है। ममता बनर्जी ने मंगलवार को यह भी कहा कि हम राज्य में 226 सीटें जीतकर लगातार चौथी बार सत्ता हासिल करेंगे। ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग पर भी तीखा हमला बोला है। दीदी ने कहा कि ईद से ठीक पहले बड़े-बड़े अधिकारियों के ट्रांसफर चुनाव आयोग कर रहा है। ऐसा लगता है कि बंगाल चुनाव से पहले राज्य में दंगे कराने की तैयारी है। ऐसा कुछ भी हुआ तो इसके लिए जिम्मेदार चुनाव आयोग ही रहेगा।

ममता ने कहा कि भाजपा के इशारे पर चुनाव आयोग ऐसा कर रहा है। यदि राज्य में कोई भी अप्रिय घटना हुई तो उसकी जिम्मेदारी चुनाव आयोग और भाजपा की ही रहेगी। उन्होंने कहा कि पूरा खेल चुनाव आयोग भाजपा के इशारे पर कर रहा है। अच्छा तो यही होगा कि वह सीधे तौर पर भाजपा के लिए चुनाव प्रचार भी करे। इस तरह ममता बनर्जी ने संकेत दे दिए हैं कि वह चुनाव आयोग पर भी सीधे निशाना साधेंगी। पहले ही वह SIR को लेकर इलेक्शन कमिशन को टारगेट करती रही हैं। बता दें कि 2021 के विधानसभा चुनाव में भाजपा और टीएमसी के बीच हाईवोल्टेज मुकाबला हुआ था।

2021 में हाईवोल्टेज चुनाव में 77 सीटें जीती थी भाजपा
यहां तक कयास लगने लगे थे कि भाजपा कहीं पहली बार सत्ता ही हासिल ना कर ले। हालांकि नतीजे आए तो भाजपा को 77 सीटें ही मिलीं। वहीं वामपंथी दलों और कांग्रेस का तो सूपड़ा ही साफ हो गया। फिर भी भाजपा के लिए यह बड़ी सफलता थी क्योंकि 2016 में उसे तीन सीटें ही मिली थीं। इस तरह 5 साल के अंदर तीन सीटों वाली पार्टी यदि 77 पर आ गई तो वह बड़ी चुनावी सफलता था। इस बार भी भाजपा टफ फाइट के मूड में नजर आ रही है और इसी क्रम में उसने करीब आधी सीटों पर उम्मीदवारों के नामों का ऐलान पहले ही कर दिया है।

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