March 23, 2026

Udaan Publicity

The Voice of Democracy

रायगढ़ में फिर मिली अफीम की फसल, दो किसान गिरफ्तार, इस महीने अवैध खेती का 5वां मामला

रायगढ़
 छत्तीसगढ़ के रायगढ़
जिले में फिर से अफीम की खेती का मामला सामने आया है। जिले में दूसरी बार अवैध रुप से अफीम की खेती की जानकारी सामने आई है। अफीम की खेती की जानकारी मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और खेत को सील कर दिया। करीब 50 डिसमिल में अफीम की खेती की जा रही है थी। पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने अफीम की खेती का वीडियो सोशल मीडिया में शेयर किया है।

जानकारी के अनुसार, लैलूंगा थाना क्षेत्र में 50 डिसमिल में अफीम की खेती की जा रही थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है। जबकि तीसरा मौके से फरार हो गया। पुलिस के खेत में पहुंचते ही मौके से भागने की कोशिश कर रहे थे लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर जगतराम नाग और मनोज नाग को गिरफ्तार किया है। जबकि साधराम नाग मौके से फरार हो गया।

लोकल व्यापारी से लिए थे बीज
सोमवार पुलिस को सूचना मिली थी कि लैलूंगा थाना क्षेत्र के पास अफीम की खेती हो रही है। जिसके बाद पुलिस की टीम यहां पहुंची थी। पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने बताया कि उन्होंने अफीम की खेती करने के लिए बीज पत्थलगांव के एक लोकल कारोबारी से लिए थे। पुलिस अधिकारियों ने उस कारोबारी के तलाश की बात कही है।

23 मार्च को तमनार में पकड़ी गई थी खेती
दो दिन पहले तमनार ब्लॉक के आमाघाट क्षेत्र में भी अफीम की खेती का मामला सामने आया था। जानकारी के अनुसार, झारखंड का रहने वाला मार्शल सांगा यहां 10-12 साल से खेती कर रहा था। उसने आमाघाट के किसान से तरबूज, ककड़ी उगाने के लिए खेत लिया था।

तमनार में भी पकड़ी गई थी अफीम की खेती
इससे पहले तमनार ब्लॉक के आमाघाट क्षेत्र में भी अफीम की खेती का मामला सामने आया था। जानकारी के मुताबिक, झारखंड का रहने वाला एक व्यक्ति, मार्शल सांगा, पिछले 10–12 वर्षों से यहां अफीम की खेती कर रहा था। उसने एक किसान से तरबूज और ककड़ी उगाने के लिए खेत लिया था, लेकिन उसकी देखरेख में अफीम की खेती शुरू हुई। मार्शल सांगा, जो पहले झारखंड में भी अफीम की खेती करता था, ने उसी मॉडल को रायगढ़ में अपनाया।

गांववालों में आक्रोश
घटना के बाद घटगांव क्षेत्र के लोग हैरान और परेशान हैं, क्योंकि अफीम की खेती जिस इलाके में की जा रही थी, वहां से एक सशक्त सब्जी की बाड़ी का प्रचार हुआ था। लोग इस अवैध गतिविधि के खिलाफ अपनी आवाज उठाते हुए पुलिस से कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

भूपेश बघेल ने बोला हमला
इस मामले में पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने बीजेपी सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा- "रायगढ़ ज़िले के लैलूंगा ब्लॉक के नवीन घट गांव में एक या दो नहीं बल्कि तीन अलग-अलग खेतों में अफीम पाई गई है। अब तो ऐसा लग रहा है कि भाजपा को अपना चुनाव निशान बदलकर “कमल के फूल” की जगह पर “अफ़ीम का फूल” कर लेना चाहिए।'

मार्च के महीने में 5वां मामला
छत्तीसगढ़ में मार्च के महीने में अफीम की खेती का यह 5वां मामला है। सबसे पहले दुर्ग जिले के सिमोदा गांव में अफीम की खेती का मामला सामने आया था। यह खेती बीजेपी नेता ताम्रकार कर रहा था। उसके बाद बलरामपुर जिले के दो थाना क्षेत्रों में अफीम की फसल मिली थी। अब रायगढ़ के आमाघाट क्षेत्र के बाद लैलूंगा थाना क्षेत्र में अफीम की खेती का मामला सामने आया है।

Spread the love